Concept:कृष्णा सोबती हिंदी की प्रसिद्ध लेखिका हैं, परंतु "जिंदगी और गुलाब के फूल" उनकी नहीं, बल्कि उषा प्रियंवदा की रचना है।
Explanation:- प्रश्न में दिए गए चार विकल्पों में से तीन कृष्णा सोबती की रचनाएँ हैं: "मित्रो मरजानी", "समय सरगम", और "डार से बिछुड़ी"।
- "जिंदगी और गुलाब के फूल" (1961 ई.) कहानी संग्रह उषा प्रियंवदा का है, जो एक अन्य लेखिका हैं।
- कृष्णा सोबती की प्रमुख रचनाओं में "तीन पहाड़", "सूरजमुखी अँधेरे के", "ज़िन्दगीनामा", "ऐ लड़की", "दिलोदानिश", "समय सरगम", "गुजरात पाकिस्तान से गुजरात हिंदुस्तान" आदि शामिल हैं।
- इसलिए, जो रचना कृष्णा सोबती की नहीं है, वह विकल्प A है।
Answer:A. जिंदगी और गुलाब के फूल